कोविड मामलों में बढ़ोतरी पर दिल्ली सरकार अलर्ट, अस्पतालों को सतर्क रहने और संसाधन तैयार रखने के निर्देश जारी
देशभर में एक बार फिर कोरोना वायरस के मामलों में धीरे-धीरे इज़ाफा देखने को मिल रहा है। ऐसे में दिल्ली सरकार ने एहतियातन एक अहम कदम उठाते हुए राजधानी के सभी अस्पतालों को सतर्क रहने के निर्देश जारी किए हैं। शुक्रवार को जारी की गई इस नई एडवाइजरी में स्वास्थ्य विभाग ने अस्पतालों को कोविड से जुड़ी तमाम तैयारियां पुख्ता करने को कहा है।
एडवाइजरी के अनुसार, अस्पतालों को कोविड बेड, ऑक्सीजन सिलेंडर, जरूरी दवाइयां, वैक्सीन और अन्य चिकित्सीय उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित करनी होगी। इसके अलावा, सभी अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों को अपने स्टाफ को कोविड प्रबंधन से संबंधित नए दिशा-निर्देशों और प्रक्रियाओं की जानकारी देने के लिए विशेष ट्रेनिंग देने को कहा गया है। सरकार का स्पष्ट निर्देश है कि किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी प्रणाली तैयार रहे।
दिल्ली सरकार ने यह फैसला देश के विभिन्न हिस्सों में कोरोना के नए वेरिएंट्स—NB.1.8.1 और LF.7—की पहचान के बाद लिया है। तमिलनाडु, गुजरात, महाराष्ट्र, कर्नाटक और दिल्ली में संक्रमण की गति में हल्का उछाल देखा गया है, जिससे स्वास्थ्य विभाग सतर्क हो गया है। राजधानी दिल्ली में पिछले कुछ दिनों में कोविड मामलों में मामूली बढ़ोतरी दर्ज की गई है, हालांकि अभी स्थिति नियंत्रण में है।
सरकार ने कोविड सैंपल्स की जीनोम सीक्वेंसिंग को भी अनिवार्य कर दिया है। इसका उद्देश्य यह पता लगाना है कि राजधानी में कोविड के कौन से वेरिएंट्स फैल रहे हैं और उनकी संक्रामकता या गंभीरता कितनी है। इसके साथ ही, सभी अस्पतालों और स्वास्थ्य इकाइयों को निर्देश दिया गया है कि वे कोविड से जुड़े मामलों की नियमित रिपोर्टिंग करें और हर दिन डेटा को अपडेट करें।
दिल्ली सरकार की एडवाइजरी में ILI (Influenza-like Illness) और SARI (Severe Acute Respiratory Infection) मामलों की निगरानी और रिपोर्टिंग को भी ज़रूरी बनाया गया है। सभी स्वास्थ्य संस्थानों को निर्देश दिया गया है कि वे IHIP (Integrated Health Information Platform) पोर्टल पर नियमित रूप से इन मामलों की जानकारी साझा करें ताकि किसी भी संभावित संक्रमण की लहर को समय रहते रोका जा सके।
स्वास्थ्य मंत्री ने जनता से भी अपील की है कि वे सतर्क रहें, भीड़भाड़ वाले स्थानों पर मास्क पहनें, हाथों की सफाई का ध्यान रखें और लक्षण दिखने पर तुरंत टेस्ट कराएं। इसके अलावा, बूस्टर डोज़ लेने की भी सलाह दी गई है, खासकर बुजुर्गों और पहले से बीमार लोगों को।
दिल्ली सरकार की यह तैयारी इस बात का संकेत है कि भले ही कोविड मामलों की संख्या अभी कम हो, लेकिन सरकार कोई जोखिम नहीं लेना चाहती। पहले की लहरों से मिले अनुभवों को ध्यान में रखते हुए, अब हर स्तर पर तैयारियां तेज़ कर दी गई हैं, ताकि राजधानी फिर से किसी बड़ी स्वास्थ्य आपदा का सामना न करे।

